गणतंत्र दिवस से पहले दिल्ली पुलिस ने अवैध हथियार बनाने और सप्लाई करने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया है। इस कार्रवाई में पांच अपराधियों को गिरफ्तार किया गया है, जिनके पास से 20 देशी पिस्टल और भारी मशीनरी बरामद हुई है। यह गिरोह दिल्ली-एनसीआर, यूपी और हरियाणा में सक्रिय गैंगस्टरों को हथियार सप्लाई करता था।

जांच में पता चला है कि आरोपी हाशिम बाबा के गुर्गों को हथियार सप्लाई करते थे। पकड़े गए आरोपियों की पहचान मुजफ्फरनगर निवासी उपेंद्र (32), मेरठ निवासी सतीश (49), पालम निवासी भरत उर्फ भारू (35), द्वारका निवासी इम्तियाज (25) और मेरठ निवासी अशरफ अली (50) के रूप में हुई है।
यूपी-हरियाणा में सप्लाई हो रहे थे हथियार
DCP अमित गोयल ने बताया कि यह गिरोह दिल्ली-एनसीआर के साथ साथ यूपी और हरियाणा में सक्रिय गैंगस्टरों और बदमाशों को अवैध हथियार सप्लाई कर रहा था। पुलिस को 4 जनवरी को गुप्त सूचना मिली थी कि अवैध हथियारों की सप्लाई में शामिल एक आरोपी रजोकरी टी पॉइंट, कापसहेड़ा के पास आने वाला है। सूचना को पुख्ता कर इंस्पेक्टर विजय कुमार बालियान की देखरेख में स्पेशल स्टाफ की टीम ने ट्रैप लगाकर भारत उर्फ भारू को गिरफ्तार किया।
उसकी तलाशी में एक देसी कट्टा और एक जिंदा कारतूस बरामद हुआ। पूछताछ में आरोपी ने मेरठ के कैली गांव में चल रही अवैध हथियार की फैक्ट्री का खुलासा किया। इसके बाद पुलिस ने छापेमारी कर फैक्ट्री से पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया।
खेतों के बीच बने कमरे को बनाया अड्डा
पूछताछ के दौरान पता चला कि आरोपियों ने कैली गांव के पास खेतों के बीच ट्यूबवेल वाले कमरे में अड्डा बनाया हुआ था। पकड़े गए आरोपी गैंगस्टरों की मांग के अनुसार अवैध हथियार सप्लाई करते थे। पिछले मामलों में जेल से रिहा के बाद ये काम शुरू किया।
