राजधानी दिल्ली में शाहजहानाबाद रिडिवेलपमेंट कॉर्पोरेशन में सीएम रेखा गुप्ता के पद संभालने के बाद ही चांदनी चौक में विकास कार्यों को नई गति मिल गई है।

किन इलाकों को किया गया शामिल
इसमें आवासीय इलाके, बाजार और प्रमुख सड़कों को शामिल किया गया है। ऊर्जा विभाग को इसपर तेजी से काम करने का निर्देश भी दिया गया है। दिल्ली सरकार ने बजट में घोषणा के साथ ओवरहेड वायर को अंडरग्राउंड करने की पायलट योजना BH ब्लॉक, शालीमार बाग तथा सी-4 ईस्ट ब्लॉक, जनकपुरी में सफलतापूर्वक पूरा कर लिया है। अब यही मॉडल दिल्ली के दूसरे इलाकों में भी लागू किया जाएगा।
बैठक में लिया गया फैसला
बीते दिनों एक बैठक में दिल्ली के अलग-अलग इलाके में बिजली के ओवरहेड वायर को अंडरग्राउंड करने का प्रस्ताव रखा गया जिसे सरकार ने हरी झंडी दे दी है। इसमें चांदनी चौक इलाके की 26 सड़कें भी शामिल हैं। अधिकारियों के मुताबिक अलग अलग विधानसभाओं की 125 कॉलोनियों में ओवरहेड वायर को अंडरग्राउंड करने के लिए कुल 267 करोड़ रुपये से अधिक की मंजूरी दी गई है।
चांदनी चौक में उलझे तारों से मिलेगी छुट्टी
इसके अलावा, चांदनी चौक की 26 सड़कों के लिए 159 करोड़ की मंजूरी अलग से दी गई है। सूत्रों का कहना है कि शाहजहानाबाद रिडिवेलपमेंट कॉर्पोरेशन (SRDC) के पुनर्गठन के बाद सीएम रेखा गुप्ता द्वारा कार्यभार संभालते ही चांदनी चौक के विकास काम को गति देने की दिशा में उठाया गया यह पहला कदम है। इस फैसले से चांदनी चौक में उलझे बिजली के तारों के अलावा शॉट सर्किट से लगने वाली आग की घटनाओं पर भी लगाम लगेंगी।
क्यों उठाया गया कदम
ऊर्जा मंत्री आशीष सूद के अनुसार दिल्ली सरकार का ओवरहेड वायर को अंडरग्राउंड करने के फैसले का मकसद रिहायशी और घनी आबादी वाले इलाकों से गुजर रही असुरक्षित ओवरहेड बिजली लाइनों को भूमिगत करना है ताकि मानव जीवन पर मंडरा रहे खतरों को कम किया जा सके। एक सुरक्षित एवं बेहतर बिजली वितरण प्रणाली सुनिश्चित की जा सके। उन्होंने कहा कि इसमें हमें केंद्र सरकार से भी मदद मिल रही है। दिल्ली को SASCI (स्पेशल एसिस्टेंस टू स्टेट्स फॉर कैपिटल इन्वेस्टमेंट) योजना के तहत एचटी-एलटी लाइनों की शिफ्टिंग के लिए करीब 109 करोड़ की मंजूरी भी मिली है।
