ताहिर हुसैन को उम्रकैद की सजा सुनाए जाने के बाद दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने आम आदमी पार्टी पर निशाना साधा है। रेखा गुप्ता ने सवाल पूछा है कि ताहिर को सजा सुनाए जाने के बाद AAP दिल्ली की जनता को क्या जवाब देगी?
दिल्ली सीएम रेखा गुप्ता ने AAP पर दागे सवाल
नई दिल्ली: आम आदमी पार्टी (AAP) से पार्षद रह चुके ताहिर हुसैन को दिल्ली की कड़कड़डूमा कोर्ट ने उम्रकैद की सजा सुनाई है। दिल्ली दंगों के दौरान IB ऑफिसर अंकित शर्मा के कत्ल के मामले में ताहिर सहित 5 लोगों को दोषी पाया गया है। इस ऐलान के बाद दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने AAP पर निसाना साधा है।
जवाब चाहती है जनता
सीएम रेखा गुप्ता ने कहा कि आईबी अधिकारी स्वर्गीय अंकित शर्मा हत्याकांड में माननीय न्यायालय द्वारा आम आदमी पार्टी के पूर्व पार्षद ताहिर हुसैन और अन्य 5 दोषियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाए जाने का हम स्वागत करते हैं। आज दिल्ली की जनता आम आदमी पार्टी से जवाब चाहती है।
न्याय की जीत हुई: सीएम
सीएम रेखा गुप्ता ने सवाल पूछा कि ताहिर हुसैन को हत्या के आरोप में गिरफ्तार किया गया, लेकिन उसके बाद भी अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसोदिया उसके सपोर्ट में खड़े रहे! उसे बचाने की लगातार कोशिश करते रहे! आखिर क्यों? क्या केजरीवाल दिल्ली की जनता को बताएंगे? क्या उनकी शह पर ही ताहिर हुसैन जैसे लोगों ने दंगों की साजिश रची थी? आज न्याय की जीत हुई है। यह फैसला देश के हर नागरिक का कानून और न्यायपालिका पर विश्वास और मजबूत करता है।
घर से सामान लेने निकले थे अंकित
25 फरवरी 2020 को अंकित घर का सामान लेने के लिए चांद बाग स्थित अपने घर से निकले और लापता हो गए। पुलिस के मुताबिक एक हिंसक भीड़ उन्हें खींचकर ले गई और बेरहमी से उनकी हत्या कर दी। उनकी लाश को एक नाले में फेंक दिया गया।
अंकित शर्मा को 51 बार चाकू मारा गया था। पुलिस ने अगली सुबह नाले से उनका शव बरामद किया था। अंकित के पिता रविंदर कुमार की शिकायत पर 26 फरवरी 2020 को FIR दर्ज की गई थी। अंकित के पिता ने आरोप लगाया था कि ताहिर हुसैन कि इमारत से दंगा फैल रहे दंगाइयों ने अंकित पर हमला किया था।
लेखक के बारे मेंअक्षय श्रीवास्तवअक्षय श्रीवास्तव, नवभारत टाइम्स (डिजिटल) में प्रिंसिपल डिजिटल कंटेंट प्रोड्यूसर हैं। मार्च 2025 में उन्होंने टाइम्स समूह का डिजिटल विंग नवभारत टाइम्स (NBT Digital) ज्वाइन किया। यहां अक्षय न्यूज टीम का हिस्सा हैं और राष्ट्रीय खबरों के साथ-साथ दिल्ली और अपराध से जुड़े समाचारों का संपादन और क्यूरेशन करते हैं। समय-समय पर वह फील्ड रिपोर्टिंग में भी उतरते हैं। अक्षय ग्राउंड पर जाकर खबरों के पीछे छिपी कहानी को निकालने में रुचि रखते हैं। अपने 13 साल के पत्रकारिता के अनुभव में अक्षय ने रिपोर्टिंग के साथ-साथ डेस्क पर भी कई जिम्मेदारियां संभाली हैं। अक्षय ने साल 2019 और 2024 की राजनीति के निर्णायक लोकसभा चुनाव भी कवर किए हैं।
करियर के दौरान अक्षय ने प्रिंट मीडिया में एक लंबी पारी खत्म कर साल 2018 में डिजिटल मीडिया में कदम रखा। यहां उन्होंने डिजिटल पत्रकारिता का शुरुआती काम सीखा। इसके बाद वह दैनिक भास्कर के डिजिटल सेक्शन में काम करने लगे। यहां उन्होंने जीके सेक्शन की जिम्मेदारी संभाली। आज तक में कार्य के दौरान अक्षय ने कनमैलियों पर एक एक्सक्लूसिव स्टोरी की, जो चर्चा का विषय रही। नवभारत टाइम्स में वह कफ सिरप पीकर अपने बच्चे गंवाने वाले परिवारों तक पहुंचे और उनका दर्द जाना।
पत्रकारिता का अनुभव
अक्षय का पत्रकारिता करियर हिंदी अखबार दैनिक नव भारत भोपाल के साथ साल 2013 में बतौर ट्रेनी शुरू हुआ। इसके बाद उन्होंने मध्य प्रदेश से प्रकाशित राज एक्सप्रेस न्यूज पेपर में 2014 से 2016 तक उप-संपादक के रूप में कार्य किया। 2016 से 2018 तक अक्षय ने दैनिक हरिभूमि समाचार पत्र में बतौर उप-संपादक काम किया। साल 2018 में दैनिक भास्कर के साथ उन्होंने डिजिटल मीडिया में कदम रखा। इसके बाद जनवरी 2022 में AajTak डिजिटल के साथ जुड़े और मार्च 2015 तक होम पेज पर अपनी सेवाएं दीं।
अक्षय ने एशिया के पहले पत्रकारिता विश्वविद्यालय माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय, भोपाल से बीएससी (इलेक्ट्रॉनिक मीडिया) और एमएससी (इलेक्ट्रॉनिक मीडिया) की पढ़ाई की है। विश्वविद्यालय में अध्ययन के दौरान वह कई प्रतियोगताओं में भाग लेकर उत्कृष्ट प्रदर्शन कर चुके हैं।… और पढ़ें